गफलत -ए -जिंदगानी में हर राग बदल जाते है,
अपने लिए हमारे भगवान बदल जाते है,
आज हमसे तो कल किसी और के साथ हो जाते है,
इस राह के हर मोड़ पे यहाँ इन्सान बदल जाते है.
अपने लिए हमारे भगवान बदल जाते है,
आज हमसे तो कल किसी और के साथ हो जाते है,
इस राह के हर मोड़ पे यहाँ इन्सान बदल जाते है.